देश में कोरोना महामारी की दूसरी लहर ने आतंक मचा रखा है।
वहीं भारत सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार के.विजय राघवन ने कोरोना की तीसरी लहर के लिए तैयार रहने को कहा है। ऐसे में इस संकट की घड़ी से उभरने के लिए रूस अगले दो दिनों में स्पुतनिक-वी के टीकों की 150,000 खुराकों की दूसरी खेप भारत भेज रहा है। दोनों देशों के बीच हुई बातचीत के अनुसार रूस जून तक 50 लाख और जुलाई में एक करोड़ से अधिक स्पुतनिक-वी के टीकों की खुराक भारत भेजने की तैयारी कर रहा है।
प्रति घंटे 70 किलोग्राम ऑक्सीजन का उत्पादन करने वाले ट्रक भेजेगा रूस
रूस टीकों के साथ न्यूनतम 4 ऑक्सीजन ट्रक भी भारत भेजने की तैयारी कर रहा है। नई दिल्ली और मास्को में स्थित राजनयिकों के मुताबिक ऑक्सीजन उत्पन्न करने वाले यह ट्रक प्रति घंटे 70 किलोग्राम और प्रतिदिन 50,000 लीटर ऑक्सीजन का उत्पादन करने की क्षमता रखते हैं। इस सप्ताह से अंत तक रूस अपने आईएल-76 विमान से ऐसे ही 4 ऑक्सीजन ट्रक भारत भेजने जा रहा है।
12 अप्रैल को मिली थी स्पुतनिक-वी के इस्तेमाल की मंजूरी
बता दें, 12 अप्रैल को भारत में रूस की स्पुतनिक-वी वैक्सीन के इस्तेमाल की मंजूरी मिलने के बाद टीकों की खुराकों की पहली खेप 1 मई को भारत भेजी गई थी। कोरोना वायरस के खिलाफ इस टीके की 90 फीसदी से अधिक प्रभावकारिता है। इसी दिन देश में 18 से 44 वर्ष की आयु वाले लोगों को टीका लगना शुरू हुआ था।
वेंटिलेटर,ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और मॉनिटर भी भेज चुका है रूस
गौरतलब है कि रूस ने इससे पहले दिल्ली के एक अस्पताल में 150 बेड के मॉनिटर और कलावती अस्पताल में 75 वेंटिलेटर व 20 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भेज चुका है। वहीं उत्तर भारत के सभी केंद्रीय एम्स में कोरोना के इलाज में इस्तेमाल आने वाली दवाई की 200,000 गोलियों की भी सहायता की है।