लखीमपुर खीरी। चैत्र नवरात्र मंगलवार से शुरू हो रहे हैं। इस बार इन दिनों का विशेष महत्व है, क्योंकि इन नौ दिन में तीन दिन (13, 14 व 15 अप्रैल) सर्वार्थ सिद्धि योग और पांच दिन (15, 16, 18, 19 एवं 21 अप्रैल) रवियोग बन रहा है। इन विशेष योग के कारण इस बार के नवरात्र बेहद खास होंगे।
देवकली तीर्थ के आचार्य पंडित प्रमोद दीक्षित बताते हैं कि चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से हिंदू नववर्ष प्रारंभ होता है। भगवान राम का जन्म भी चैत्र नवरात्र में हुआ था। नवरात्र के नौ दिन मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए इनके नौ स्वरूपों का पूजन होता है। उन्होंने बताया कि इन दिनों में माता का पाठ करने से देवी दुर्गा का विशेष आशीर्वाद मिलता है। नवरात्र के पहले दिन मंगलवार को अश्विनी नक्षत्र, सर्वार्थ सिद्धि के साथ अमृत सिद्धि योग भी बन रहा है। उन्होंने बताया कि अमृत सिद्धि योग में कार्य शुरू करने पर शुभ फल और स्थायित्व मिलता है। सर्वार्थ सिद्धि योग में जो कार्य होते हैं, वह बिना बाधा के पूर्ण होते हैं।
घट स्थापना मुहूर्त
अति उत्तम मुहूर्त: सूर्योदय से सुबह 07:33 बजे तक शुभ चौघड़िया व स्थिर वृषभ लग्न में।
उत्तम मुहूर्त: द्विस्वभाव लग्न सुबह 07:35 से 09:50 बजे तक।
तीसरा मुहूर्त: अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:48 से 12:42 बजे तक।
पहले दिन बनने वाले शुभ योग
मंगलवार सुबह 10:17 बजे तक करण बव योग रहेगा। दोपहर बाद 03:16 बजे तक विष्कुंभ योग रहेगा, जिसके बाद प्रीति योग शुरू होगा। रात 11:31 तक बालव योग रहेगा। सर्वार्थ सिद्धि योग और अमृत सिद्धि योग का प्रभाव भी सूर्योदय से दोपहर 02:19 बजे तक रहेगा।
बिना मास्क मंदिर में प्रवेश नहीं
हालांकि कोरोना संक्रमण के चलते भक्तों का मंदिर में विधिवत पूजन करना संभव नहीं होगा। मंदिर प्रशासन ने बिना मास्क प्रवेश पर रोक लगा दी है। भक्तों को मंदिर में कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए पूजन करना होगा।
फल और मेवा के बढ़े दाम
लखीमपुर खीरी। चैत्र नवरात्र को लेकर मंदिर से लेकर घरों में तैयारियां शुरू हो गई हैं। नवरात्र पर अधिकतर लोग व्रत रखते हैं। इसे लेकर फल व मेवों के दाम बढ़ गए हैं। मेवा के दामों पर जहां 10 से 20 प्रतिशत बढ़ोतरी हुई तो वहीं फलों के दाम दोगुने हो गए हैं। फल कारोबारियों को कहना है कि नवरात्र में अधिकतर घरों में लोग व्रत रखते हैं। इससे फलों की मांग बढ़ जाती है। इसलिए फलों की कीमत बढ़ गई है। संवाद
देवकली तीर्थ के आचार्य पंडित प्रमोद दीक्षित बताते हैं कि चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से हिंदू नववर्ष प्रारंभ होता है। भगवान राम का जन्म भी चैत्र नवरात्र में हुआ था। नवरात्र के नौ दिन मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए इनके नौ स्वरूपों का पूजन होता है। उन्होंने बताया कि इन दिनों में माता का पाठ करने से देवी दुर्गा का विशेष आशीर्वाद मिलता है। नवरात्र के पहले दिन मंगलवार को अश्विनी नक्षत्र, सर्वार्थ सिद्धि के साथ अमृत सिद्धि योग भी बन रहा है। उन्होंने बताया कि अमृत सिद्धि योग में कार्य शुरू करने पर शुभ फल और स्थायित्व मिलता है। सर्वार्थ सिद्धि योग में जो कार्य होते हैं, वह बिना बाधा के पूर्ण होते हैं।
घट स्थापना मुहूर्त
अति उत्तम मुहूर्त: सूर्योदय से सुबह 07:33 बजे तक शुभ चौघड़िया व स्थिर वृषभ लग्न में।
उत्तम मुहूर्त: द्विस्वभाव लग्न सुबह 07:35 से 09:50 बजे तक।
तीसरा मुहूर्त: अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:48 से 12:42 बजे तक।
पहले दिन बनने वाले शुभ योग
मंगलवार सुबह 10:17 बजे तक करण बव योग रहेगा। दोपहर बाद 03:16 बजे तक विष्कुंभ योग रहेगा, जिसके बाद प्रीति योग शुरू होगा। रात 11:31 तक बालव योग रहेगा। सर्वार्थ सिद्धि योग और अमृत सिद्धि योग का प्रभाव भी सूर्योदय से दोपहर 02:19 बजे तक रहेगा।
बिना मास्क मंदिर में प्रवेश नहीं
हालांकि कोरोना संक्रमण के चलते भक्तों का मंदिर में विधिवत पूजन करना संभव नहीं होगा। मंदिर प्रशासन ने बिना मास्क प्रवेश पर रोक लगा दी है। भक्तों को मंदिर में कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए पूजन करना होगा।
फल और मेवा के बढ़े दाम
लखीमपुर खीरी। चैत्र नवरात्र को लेकर मंदिर से लेकर घरों में तैयारियां शुरू हो गई हैं। नवरात्र पर अधिकतर लोग व्रत रखते हैं। इसे लेकर फल व मेवों के दाम बढ़ गए हैं। मेवा के दामों पर जहां 10 से 20 प्रतिशत बढ़ोतरी हुई तो वहीं फलों के दाम दोगुने हो गए हैं। फल कारोबारियों को कहना है कि नवरात्र में अधिकतर घरों में लोग व्रत रखते हैं। इससे फलों की मांग बढ़ जाती है। इसलिए फलों की कीमत बढ़ गई है। संवाद