हल्की बारिश से केला, गन्ना, मूंगफली और साठा धान की फसलें लाभांवित
लखीमपुर खीरी। अरब सागर में उठे चक्रवात ताउते का असर पिछले दो दिन से जिले में भी देखने को मिल रहा है। बृहस्पतिवार को दिनभर काले बादल छाए रहे। बुधवार दोपहर हल्की एवं बृहस्पतिवार की शाम शुरू हुई बारिश देर तक होती रही।
गोला गोकर्णनाथ। तीन दिन से निरंतर हो रही बूंदाबांदी और बादल छाए रहने से तापमान में तो गिरावट आई ही है साथ ही फसलों को भी लाभ पहुंचा है। वहीं बारिश के बाद से यूरिया खाद की मारामारी शुरू हो गई है, जो सहकारी समितियों पर काफी मुश्किल से मिल पा रही है।
अमीरनगर। तीन दिन से हो रही हल्की बारिश से किसानों के खेतों में भले ही बारिश का पानी न भरा हो फिर भी केला, गन्ना, मूंगफली और साठा धान की फसलों को लाभ मिला है।
कुकरा। ग्राम पंचायत कुकरा मेें बारिश होते ही जलभराव हो गया। कोटे का राशन लाने के लिए कार्ड धारकों को बड़ी मुश्किलें उठानी पड़ीं। गांव के डॉ. शकील अंसारी, नौशाद अंसारी, लईक अहमद, गुलाब खां, सानू आदि तमाम कार्ड धारकों ने खड़ंजा और मिट्टी का कार्य कराने, जल भराव से निजात दिलाने की मांग की है।
रोशननगर। बुधवार शाम को हुई बारिश के बाद किसानों ने गन्ने के खेत में खाद डाली। यूरिया खाद लेने के लिए दुकान एवं सहकारी समिति पर काफी भीड़ रही। बारिश से किसानों को काफी लाभ हुआ है, वहीं जिन लोगों ने गेहूं काटकर गन्ने की बुवाई की हुई है उन लोगों को चिंता होने लगी है।
सही समय पर फिर बारिश हो जाने से गन्ना, केला की फसल को लाभ पहुंचा है। पिछले सप्ताह तेज बारिश हो चुकी है।
- सुमान खां, निवासी देवरिया
तापमान में गिरावट आई। भले ही कम वर्षा हुई, लेकिन गन्ना, केला, मूंगफली, उरद की फसलों को लाभ मिला है।
- अरविंद सिंह, निवासी कुंभी
बारिश से मक्का, आम और मेंथा को फायदा
बांकेगंज। मेंथा और मक्का की फसल को भी काफी लाभ हुआ है। कृषि वैज्ञानिकों का कहना है कि इस बारिश से फसलों को लाभ पहुंचेगा। यदि बारिश ज्यादा होती है तो फसलों को नुकसान होगा। इस बारिश में सबसे ज्यादा फायदा आम और मेंथा की फसल के लिए है। वहीं इस बारिश से किसानों के चेहरे पर रौनक आ गई है। जो किसान फसलों में लग रहे कीड़ों को लेकर चिंतित थे, उन्हें बड़ी राहत मिली है।
उधर, एडीओ कृषि अनिल कुमार बताते हैं कि इस समय हो रही बूंदाबांदी से किसानों को कोई नुकसान नहीं है। ज्यादा बारिश होने से अगर जलभराव हो जाता है तो तो फसल को नुकसान हाने का डर रहता है।
क्या कहते हैं किसान और बागवान
पांच बीघा मक्का की फसल कर रखी है। हल्की बूंदाबांदी से मक्का की फसल को नुकसान नहीं होगा। इससे सिंचाई मुफ्त में हो रही है। मक्का की फसल में होने वाले कीड़े नही होंगे।
- गोल्डी गोयल, किसान बांकेगंज
चार बीघा में लगे आम के पेड़ ठेके पर लिए हैं। बारिश से आम की फसल को कोई नुकसान नहीं है। बूंदाबांदी से आम की साफ-सफाई हो रही है। बरसात होने से फसल और भी अच्छी होगी।
- दिनेश कुमार, बागवान, बांकेगंज
बारिश से कृषि मंडी में भीगा गेहूं
मोहम्मदी। बारिश की वजह से मोहम्मदी कृषि मंडी में खुले मैदान में पड़ा गेहूं भीग गया। मामले में केंद्र प्रभारी का कहना है कि गेहूं का उठान न होने पाने की वजह से गेहूं भीग गया। वहीं, तेज हवा चलने से राजापुर बिजली उपकेंद्र के फीडर बेलहरा में खराबी से रात भर बिजली गुल रही। संवाद